सद्गुरु प्रदत्त गोपनीय सूत्र सद्गुरु प्रदत्त गोपनीय सूत्र
सद्गुरु प्रदत्त गोपनीय सूत्र -
जब कभी भी किसी भी देवी देवता की किसी भी साधना में अपेक्षित सफलता नहीं मिल रहा हो
मंतव्य नहीं सिद्ध हो पा रहा हो
उस क्षण इस एक सूत्र से अप्रत्याशित परिणाम सामने आएँगे....
यह एक दिवसीय प्रयोग है। इसमें एक कमी यह है कि एक साधक इसका प्रयोग किसी भी एक ही देवता विशेष के लिए एक ही (प्रथम प्रयोग में) बार उठा सकेगा!
उसके बाद औपचारिक ता शेष बचेगा...अर्थात परिणाम प्रथम बार जैसे नहीं मिल पाएंगे ।
इसके लिए किसी भी विशेष सामग्री, माला, या दीक्षा आदि की कोई आवश्यकता नहीं ।
करना क्या हैं ????
किसी उचित मुहूर्तादि युक्त रात्रि का चयन करके शिव जी का अभिषेक गुरु गणपति भैरव नवग्रह षोडस मातृकादि को प्रणाम नमन करके ....
अपनी किसी भी माला से निर्देशित मंत्र का जाप रात्रि में न्यूनतम 5 घंटे करें। और कर सकें तो 7 घंटे करें ।
हर एक डेढ़ घंटे पर केशव माधव नारायण से आचमन करके किसी भी प्रकार की शंका का निवारण कर सकते हैं। तथा आवश्यकता होने पर जल या फल आदि भी ले सकते हैं।
मंत्र =
|| ॐ नमो नमः दैवतायै/देव्यै ||
दैवतायै/देव्यै के जगह उस देवता का नाम उच्चारण करना है जिनकी साधना करने या जिनकी कृपा की आकांछा हो
जैसे -
शिवायै, दुर्गायै, काल्यै, महाकाल्यै, लक्ष्म्यै, लालितायै, सूर्यायै,
गुरु देव का वचन है कि सोने की विज्ञापन नहीं होता वो स्वतः विज्ञापित है। (SANTOSH NIKHIL GUPTA) इसलिए इस के विषय में प्रशंसा लिखने में समय व्यर्थ नहीं करूँगा ।
जिन्हें भी जरूरत हो लाभ लें और आध्यात्म जगत के स्वेत वसन अपराधियों , चोर, धूर्त, पाखंडी और अधिक शुद्ध शब्दों का प्रयोग करूँ तो डकैतों से शावधान रहें।
जिनका कार्य सिर्फ आपकी समस्याओं (जिनके समाधान के लिए हम इन तक पहुँचते हैं) को आधार बनाकर आपका आर्थिक शारीरिक और मानसिक शोषड़ हैं।
इसलिए "आपो दीपो भवः" स्वयं दिप बनें स्वयं को भी प्रकाशित करें औरों को भी प्रकाशित करें और बहुत सारे नए दिप शांत होने से बहुत पहले ही प्रज्वलित करते जाएं ।
हर हर महादेव